रायपुर। रायपुर कमिश्नरेट (नार्थ जोन) ने सूखे नशे के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। शहर में पान ठेले और गुमटियों पर गांजा पीने के लिए इस्तेमाल होने वाले गोगो और चिलम की बिक्री की जांच की गई।
पुलिस ने भारी मात्रा में रोलिंग पेपर जब्त किया, जिसकी कीमत लगभग 2 लाख रुपये आंकी गई है। यह कार्रवाई विशेष रूप से शैक्षणिक संस्थानों और सार्वजनिक स्थानों के आसपास अवैध बिक्री पर केंद्रित थी।
COTPA एक्ट (Cigarette and Other Tobacco Products Act) के उल्लंघन को देखते हुए नॉर्थ जोन पुलिस टीमों ने कार्रवाई की। इस दौरान कुल 9 दुकानें सील कर बंद की गईं। अधिकारियों ने बताया कि यह कदम अवैध व्यापार को रोकने और युवाओं को सूखे नशे से बचाने के लिए उठाया गया है।
सप्लाई चेन (Backward Linkage) की जांच के दौरान पुलिस ने सामग्री की आपूर्ति से जुड़े स्रोतों की पहचान कर ली है। पूछताछ में थोक विक्रेताओं और सप्लायरों के नाम सामने आए हैं, जो गोगो और चिलम की आपूर्ति में शामिल थे। पुलिस ने कहा कि इन थोक विक्रेताओं और सप्लायरों के खिलाफ जल्द कार्रवाई की जाएगी, ताकि पूरे सप्लाई नेटवर्क को बंद किया जा सके।
अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी अवैध नशीली वस्तु की बिक्री या सेवन की सूचना पुलिस को दें। रायपुर कमिश्नरेट का कहना है कि भविष्य में भी ऐसे ठेले और दुकानों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
शहर में युवाओं और आम जनता को सुरक्षित रखने के लिए पुलिस सतर्क है और लगातार निगरानी कर रही है।
इस कार्रवाई से यह स्पष्ट हो गया है कि नॉर्थ जोन पुलिस सूखे नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाए हुए है और अवैध सप्लाई चेन को पूरी तरह से बंद करने की दिशा में काम कर रही है।

