दिल्ली। सीबीएसई 12वीं बोर्ड परीक्षा के परिणाम घोषित होने के बाद मूल्यांकन प्रक्रिया और पुनर्मूल्यांकन प्रणाली को लेकर विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। अब केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) के पुनर्मूल्यांकन पोर्टल के पेमेंट सिस्टम में कथित साइबर अटैक और तकनीकी गड़बड़ी का मामला सामने आया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, करीब 50 छात्रों ने अनधिकृत रूप से पोर्टल तक पहुंच हासिल कर आवेदन शुल्क में हेराफेरी कर दी थी।
सूत्रों के मुताबिक, पुनर्मूल्यांकन के लिए बनाए गए ऑनलाइन पोर्टल के भुगतान सिस्टम पर साइबर अटैक हुआ था। इसके चलते आवेदन फीस में असामान्य बदलाव देखने को मिले। कई छात्रों को जहां आवेदन शुल्क मात्र 1 रुपये दिखाई दिया, वहीं कुछ मामलों में यह राशि बढ़कर 67 हजार से 68 हजार रुपये तक पहुंच गई। छात्रों ने इस गड़बड़ी की शिकायत सोशल मीडिया और ईमेल के माध्यम से सीबीएसई से की थी।
रिपोर्ट के अनुसार, पोर्टल के लाइव होने के दौरान ही यह तकनीकी समस्या सामने आई थी। इसी बीच एक 19 वर्षीय युवक ने सोशल मीडिया पर पोर्टल हैक करने का दावा भी किया था। हालांकि सीबीएसई ने उस पोर्टल को डमी पोर्टल बताते हुए दावे को खारिज कर दिया था। इसके बावजूद बोर्ड की ऑनलाइन व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
सीबीएसई ने तारीख आगे बढ़ाई
बढ़ती शिकायतों और तकनीकी दिक्कतों को देखते हुए सीबीएसई ने कक्षा 12वीं के छात्रों के लिए री-वैल्यूएशन और मार्क्स वेरिफिकेशन प्रक्रिया की तारीख आगे बढ़ा दी है। पहले यह प्रक्रिया 29 मई से शुरू होनी थी, लेकिन अब आवेदन पोर्टल 1 जून से खोला जाएगा। बोर्ड का कहना है कि पोर्टल को अधिक सुरक्षित और सुचारु बनाने के लिए तकनीकी सुधार किए जा रहे हैं।
छात्रों की सहायता के लिए सीबीएसई ने 24×7 हेल्पलाइन सुविधा भी शुरू की है। बोर्ड ने टोल-फ्री नंबर 1800-11-8004 और ईमेल आईडी जारी कर छात्रों को मूल्यांकन, परिणाम और मानसिक तनाव से जुड़े मामलों में सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था की है।

